सिद्धू के हाथ में दिख रही तस्वीर पर इंदिरा गांधी का चेहरा एडिट कर फोटो वायरल

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कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू की फ़ेसबुक पर एक तस्वीर शेयर की जा रही है जिसमें उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी का एक फ़ोटो पकड़ा हुआ है. दावा किया जा रहा है कि सिख धर्म से आने वाले सिद्धू ने एक रैली में इंदिरा की तस्वीर दिखाई. लेकिन ये तस्वीर फ़र्ज़ी है. असल तस्वीर में सिद्धू ने स्वतंत्रता सेनानी भगत सिंह का फ़ोटो पकड़ा हुई है.

फ़ेसबुक पर 21 जुलाई को किये गए पोस्ट के साथ पंजाबी कैप्शन कहता है, "ये कांग्रेसी हरमंदिर साहब को नमन करने वाले हैं. ये फ़ोटो खिंचवा कर लोगों को क्या संदेश दे रहे है, खासकर सिखों को?"

बता दें कि चंडीगढ़ स्थित हरमिंदर साहिब, जिसे स्वर्ण मंदिर भी कहा जाता है,  सिखों के लिए सबसे पवित्र स्थलों में से एक है. 

इस वायरल तस्वीर में दिख रहा है की नवजोत सिंह सिद्धू किसी रैली में भारत की पूर्व प्रधामंत्री  इंदिरा गांधी का फ्रेम किया हुआ फ़ोटो लिए खड़े हैं. 

इंदिरा गांधी ने 1984 में सिख अलगाववादियों पर कार्यवाही करने के लिए भारतीय सेना को स्वर्ण मंदिर में घुसने की इजाज़त दे दी थी. इसके बाद उन्ही के सिख बॉडीगार्ड ने उनकी हत्या कर दी थी. 

9 अगस्त, 2021 को लिया गया भ्रामक पोस्ट का स्क्रीनशॉट

यही तस्वीर फ़ेसबुक पर यहां, यहां और यहां शेयर की गयी.

लेकिन असल में ये तस्वीर एडिट की गयी है.

इस तस्वीर का रिवर्स इमेज और कीवर्ड सर्च पर हमें ऐसी ही तस्वीर मिली. लेकिन ट्विटर पर 20 जुलाई को पोस्ट की गयी इस असल तस्वीर में सिद्धू ने इंदिरा गांधी नहीं, बल्कि स्वतंत्रता सेनानी भगत सिंह की तस्वीर पकड़ी हुई है.

11 अगस्त, 2021 को लिया गया ट्विटर पोस्ट का स्क्रीनशॉट

नीचे फ़र्ज़ी तस्वीर (बाएं) और ट्विटर पर मिली असल तस्वीर (दाएं) की तुलना देखी जा सकती है. 

फ़र्ज़ी और असल तस्वीर की तुलना

ट्विटर पर मिली तस्वीर का टिनआय पर रिवर्स इमेज सर्च करने पर यही तस्वीर गेटी इमेजेज़ पर यहां मिली जिसे 18 जुलाई, 2021 को अपलोड किया गया था.

इसके साथ कैप्शन में लिखा गया था, "18 जुलाई को भारत के अमृतसर में हाल ही में चुने गए पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमिटी (PPCC) अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू का गोल्डन गेट दौरे के समय पार्टी कार्यकर्ता स्वागत करते हुए."

9 अगस्त, 2021 को लिया गया गेटी इमेजेज़ का स्क्रीनशॉट

इस रैली के बारे में कई मीडिया संस्थानों ने यहां, यहां और यहां रिपोर्ट किया है और किसी रिपोर्ट में भी सिद्धू द्वारा इंदिरा गांधी की तस्वीर दिखाए जाने का कोई ज़िक्र नहीं है.