पाकिस्तान बस धमाके से जोड़ पुरानी तस्वीर भ्रामक दावे के साथ वायरल

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सोशल मीडिया पर दो तस्वीरें शेयर करते हुए दावा किया जा रहा कि जुलाई 2021 में बस धमाके के बाद पाकिस्तान में रहने वाले चीनी कामगारों को बंदूक लेकर चलना पड़ रहा है. ये दावा ग़लत है: ये तस्वीरें पुरानी हैं और मार्च 2018 से शेयर की जा रही हैं.  

फ़ेसबुक पर 22 जुलाई, 2021 को यहां ये तस्वीरें पोस्ट की गयीं और कैप्शन लिखा गया, "धमाके के बाद पाकिस्तान में चीनी कामगारों के हाथ में दिखा AK-47 राइफ़ल." इसे अंग्रेज़ी कैप्शन के साथ भी यहां पोस्ट किया गया.

11 अगस्त, 2021 को भ्रामक पोस्ट का लिया गया स्क्रीनशॉट

पाकिस्तान में जुलाई के मध्य में बस धमाका हुआ था. AFP ने रिपोर्ट किया था कि इसमें 12 लोगों की मौत हुई थी जिसमें 9 चीनी कामगार शामिल थे. इसी घटना के बाद ये दो तस्वीरें शेयर की जाने लगीं.

इस बस में 40 चीनी इंजीनियर, सर्वे करने वाले और मैकेनिकल स्टाफ़ उत्तर-पश्चिमी पाकिस्तान में हाइड्रोपॉवर बांध के निर्माण स्थल पर ले जाये जा रहे थे.

न्यूज़ एजेंसी राॅयटर्स के अनुसार पाकिस्तानी सरकार ने पहले इसे मैकेनिकल गड़बड़ के कारण हुई गैस लीक से हुआ धमाका बताया था लेकिन चीन ने इसे बम धमाका करार दिया. 

ये तस्वीरें फ़ेसबुक पर यहां, यहां और यहां; और ट्विटर पर यहां और यहां शेयर की गयीं.

लेकिन इस तस्वीर के साथ किया गया दावा ग़लत है: दोनों ही तस्वीरें बस धमाके से काफ़ी पहले से वायरल हो रही हैं. 

पहली तस्वीर का रिवर्स इमेज सर्च करने पर ये चीनी वेबसाइट पर यहां मिली जिसे 4 मई, 2020 को अपलोड किया गया था. यही तस्वीर एक अन्य चीनी वेबसाइट पर यहां मिली जिसमें विदेश में काम करने वाले चीनी नागरिकों के बारे में लिखा था. इसे 5 मई, 2020 को प्रकाशित किया गया था.

दोनों पोस्ट्स में बताया गया है कि चीनी नागरिक अफ़्रीका में काम करने से पहले कैसे दिखते थे और वहां से आने के बाद कैसे दिखते हैं.

दूसरी तस्वीर का रिवर्स इमेज सर्च करने पर ये चीनी ब्लॉग पर 28 मार्च, 2018 को यहां पोस्ट की हुई मिली. ये एक अन्य चीनी वेबसाइट पर भी मिली जिसे 30 मार्च, 2018 को यहां प्रकाशित किया गया था. 

इन दोनों ही पोस्ट्स में पाकिस्तान में चीनी कामगारों के बारे में लिखा गया था. 

नीचे भ्रामक पोस्ट की दोनों तस्वीरों (बाएं) की चीनी ब्लॉग पर मिली तस्वीरों (दाएं) से तुलना देखी जा सकती है. 

भ्रामक पोस्ट्स की तस्वीरों से चीनी ब्लॉग पर मिली तस्वीरों की तुलना