बलूच लिबरेशन आर्मी द्वारा ट्रेन अटैक का पुराना वीडियो हालिया हाइजैक के दावे से शेयर किया गया

पाकिस्तान में एक उग्रवादी समूह द्वारा मार्च में बंधक बनाए गए सैकड़ों ट्रेन यात्रियों को 30 घंटे की घेराबंदी के बाद पाकिस्तानी सेना द्वारा छुड़ा लिया गया गया, रेस्क्यू के दौरान 27 गैर-ड्यूटी सैनिकों की भी जान गई. लेकिन सोशल मीडिया पर हज़ारों बार शेयर की गई एक क्लिप, जिसमें पहाड़ों के बीच चलती ट्रेन में भयंकर विस्फोट होते देखा जा सकता है, हालिया हमले की नहीं है; ये 2022 में सेना पर एक अन्य उग्रवादी हमले को दिखाती है. 

वीडियो को X पर 11 मार्च 2025 को शेयर किया गया जिसका कैप्शन है, "बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी ने पाकिस्तान में जाफर एक्सप्रेस को हाईजैक कर लिया है. ट्रेन में करीब 500 यात्री सवार थे. इन यात्रियों में। SI अधिकारी भी शामिल हैं. ट्रेन पर अटैक का वीडियो अब सामने आया है. #pakistantrainhijack."

पोस्ट में पहाड़ों के बीच से गुज़र रही एक ट्रेन में विस्फोट होने की एक क्लिप शेयर की गई है.

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गलत दावे से शेयर की गई पोस्ट का स्क्रीनशॉट, 21 मार्च 2025

बलूचिस्तान के दक्षिण-पश्चिमी प्रांत में हुए हमले में हथियारबंद अलगाववादियों द्वारा लगभग 450 लोगों को बंधक बनाए जाने और ड्राइवर को घायल करने के एक दिन बाद 340 से अधिक ट्रेन यात्रियों को पाकिस्तानी सेना द्वारा 11 मार्च को छुड़ा लिया गया था (आर्काइव्ड लिंक यहां, यहां).

बलूच लिबरेशन आर्मी (बीएलए) नामक अलगाववादी समूह --  जिसने अक्सर बाहरी लोगों पर अफ़गानिस्तान और ईरान की सीमा से लगे इस क्षेत्र में प्राकृतिक संसाधनों को लूटने का आरोप लगाया है -- द्वारा हाल के वर्षों में इस तरह के हमले बढ़ गए हैं, जिनमें ज़्यादातर प्रांत के बाहर के सुरक्षा बलों और जातीय समूहों को निशाना बनाया गया है.

इसी तरह के दावें के साथ X और फ़ेसबुक पर भी कई पोस्ट शेयर किये गये हैं, लेकिन 2022 में फ़िल्माया गया है ये वीडियो इसमें बलूचिस्तान में एक अन्य हमले को दिखाता है.

वीडियो के कीफ़्रेन्स को गूगल रिवर्स इमेज सर्च करने से पता चला कि ये क्लिप पाकिस्तान में ट्रेन अपहरण से लगभग तीन साल पहले से ऑनलाइन मौजूद है (आर्काइव्ड लिंक).

X पर 15 अप्रैल, 2022 को क्लिप शेयर करने वाली पोस्ट के कैप्शन के मुताबिक बीएलए ने बलूचिस्तान के सिबी शहर के पास पाकिस्तानी अर्धसैनिक बलों के एक समूह फ़्रंटियर कोर्स को ले जा रही ट्रेन पर आईईडी हमले का फ़ुटेज जारी किया था.

मैसेजिंग प्लेटफ़ॉर्म टेलीग्राम पर कीवर्ड सर्च करने पर एक प्रेस रिलीज़ सामने आई, जिसे बीएलए ने 18 जनवरी, 2022 को ग्रुप के आधिकारिक मीडिया चैनल हक्काल से फ़ॉरवर्ड किया था.

इसमें कहा गया है, "बलूच लिबरेशन आर्मी (बीएलए) के स्वतंत्रता सेनानियों ने मंगलवार को सिबी के पास बोलन शहर के मुश्काफ़ इलाके में जाफ़र एक्सप्रेस ट्रेन को आईईडी से निशाना बनाया, जिसके परिणामस्वरूप जाफ़र एक्सप्रेस की चार बोगियां पटरी से उतर गईं."

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टेलीग्राम पर 2022 में शेयर की गई बीएलए की प्रेस विज्ञप्ति का स्क्रीनशॉट

स्थानीय मीडिया के अनुसार, जनवरी 2022 में रेलवे ट्रैक के पास हुए विस्फोट में कम से कम पांच लोग घायल हो गए थे (आर्काइव्ड लिंक यहां, यहां).

आगे गूगल कीवर्ड सर्च करने पर हक्काल से ऑनलाइन शेयर हो रहे वीडियो का आर्काइव्ड वर्ज़न मिला.

इसके कैप्शन में लिखा है: "बलूचिस्तान में पाकिस्तानी सेना के खिलाफ़ बलूच लिबरेशन आर्मी के हमलों का फ़ुटेज". क्लिप के ऊपरी-दाएं कोने में BLA का लोगो दिखाई दे रहा है. 

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गलत दावे की पोस्ट (बाएं) और 2022 में शेयर किये गये हक्काल वीडियो के स्क्रीनशॉट की तुलना

गूगल मैप्स का उपयोग करते हुए एएफ़पी ने पुष्टि की है कि वीडियो बलूचिस्तान के मुश्काफ़ क्षेत्र का है (आर्काइव्ड लिंक).

एएफ़पी ने पाकिस्तान से संबंधित अन्य फ़र्जी सूचनाओं को यहां फ़ैक्ट-चेक किया है.

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