तेलंगाना की मस्जिद में सफ़ाई की पुरानी तस्वीर पश्चिम बंगाल की बता वायरल

कॉपीराइट AFP 2017-2022. सर्वाधिकार सुरक्षित.

सोशल मीडिया पर एक तस्वीर को शेयर करते हुए दावा किया जा रहा है कि ये पश्चिम बंगाल में पुलिस कर्मियों को किसी मस्जिद की सफ़ाई करते हुए दिखाती है. वायरल पोस्ट में पश्चिम बंगाल सरकार पर मुस्लिम समर्थक होने का पूर्वाग्रह भी है. हालांकि यह दावा झूठा है: तमाम न्यूज़ रिपोर्ट्स के मुताबिक़ वायरल तस्वीर साल 2016 में तेलंगाना के एक सफाई अभियान की है.

फ़ेसबुक पर यहां 14 नवंबर 2021 को शेयर की गई एक पोस्ट के कैप्शन में लिखा है: "पश्चिम बंगाल में मुसलमान द्वारा बीजेपी को हराकर सत्ता पर कब्जा कर लिया है, अब राज्य के हिंदू दबे हुए हैं और पुलिस प्रशासन को हर शुक्रवार मुसलमानों की नमाज के लिए मस्जिदों ओर नमाज के लिए सार्वजनिक स्थानों की साफ सफाई के अलावा नमाज की समुचित व्यवस्था देखने का काम रह गया है."

वायरल तस्वीर में कुछ पुलिसकर्मी हाथ में पानी का पाइप लेकर सफ़ाई करते नज़र आ रहे हैं वहीं उनके आस-पास कुछ लोग पारम्परिक इस्लामिक वेशभूषा में खड़े हुए दिख रहे हैं.

भ्रामक फ़ेसबुक पोस्ट का स्क्रीनशॉट

इस तस्वीर को बिल्कुल इसी दावे के साथ फ़ेसबुक पर यहां और यहां; साथ ही ट्विटर पर यहां और यहां शेयर किया गया है.

हालांकि तस्वीर को ग़लत संदर्भ में शेयर किया गया है.

गूगल पर रिवर्स इमेज सर्च करने पर हमें तेलंगाना में स्थानीय मीडिया द्वारा 2016 में प्रकाशित इसी तरह की तस्वीरें यहां और यहां मिलीं.

न्यूज़ तेलंगाना टीवी की एक फ़ेसबुक पोस्ट के कैप्शन में लिखा है: "इस्लामी त्योहार रमज़ान की पूर्व संध्या पर भैंसा पुलिस ने सफाई अभियान के तहत पंजेशाह मस्जिद में एक पहल शुरू की."

भैंसा तेलंगाना राज्य का एक कस्बा है.

नीचे भ्रामक पोस्ट की तस्वीर (बाएं) और न्यूज़ तेलंगाना टीवी की पोस्ट (दाएं) की तस्वीर के बीच एक तुलना है.

भ्रामक पोस्ट की तस्वीर (बाएं) और न्यूज़ तेलंगाना टीवी की पोस्ट (दाएं) की तस्वीर के बीच एक तुलना

न्यूज तेलंगाना टीवी द्वारा पोस्ट एक तस्वीर में ’एसके ट्वायज’ नाम से एक बैनर दिख रहा था. 

हमने कीवर्ड सर्च किया तो गूगल मैप्स में पाया कि एस.के. ट्वायज़ वर्ल्ड के नाम से एक दुकान भैंसा में पंजेशाह मस्जिद के बिल्कुल ठीक सामने स्थित है.

भैंसा स्थित पंजेशाह मस्जिद की तस्वीरें गूगल मैप्स में देखने पर मस्जिद के ठीक सामने एस.के. टॉयज़ की दुकान दिख रही है.

लोकल मीडिया यहां और यहां की रिपोर्ट्स के मुताबिक़ तेलंगाना पुलिस ने 2016 में विभिन्न स्थानों में सफाई अभियान किया था जो किस्वच्छ भारत अभियान का हिस्सा था.