अमेरिका के फ़िलेडैल्फ़िया में नशे में धुत्त लोगों का वीडियो वेनेज़ुएला का बताकर शेयर किया गया
- प्रकाशित 19 जनवरी 2026, 08h55
- 2 मिनट
- द्वारा Akshita KUMARI, एफप भारत
जनवरी 2026 में अमेरिकी सेना द्वारा वेनेज़ुएला के राष्ट्रपति निकोलस मदुरो को गिरफ़्तार किए जाने के बाद उन पर लगे ड्रग तस्करी और अन्य आरोपों में उन्होंने खुद को निर्दोष बताया. हालांकि ऑनलाइन शेयर किए जा रहे एक वीडियो में ये गलत दावा किया गया था कि वेनेज़ुएला की सड़कों पर नशे में धुत्त लोग बेहोश पड़े हैं. वास्तव में यह क्लिप अमेरिका के फ़िलेडैल्फ़िया शहर में फ़िल्माया गया था और ज़ाइलाज़ीन नाम के एक खतरनाक ड्रग के बारे में पुरानी रिपोर्ट्स में सामने आया था.
X यूज़र द्वारा 6 जनवरी, 2026 को शेयर की गई फ़ुटेज -- जिसमें सड़क पर पड़े नशे में धुत्त लोग दिखाई दे रहे हैं -- का कैप्शन है, "यह वेनेज़ुएला की हालत है जहाँ दुनिया का सबसे ज़्यादा तेल होने के बावजूद पूरा देश या तो नशे की तस्करी करता है या नशे में डूबा रहता है. खाने के लिए जब सरकार दे ही देती है, तो फिर कुछ करने की ज़रूरत ही क्या रह जाती है."
अमेरिकी कमांडोज़ 3 जनवरी को वेनेज़ुएला की राजधानी काराकास में अचानक कार्रवाई करते हुए राष्ट्रपति निकोलस मदुरो और उनकी पत्नी को गिरफ़्तार कर न्यूयॉर्क ले आये (आर्काइव्ड लिंक).
वाशिंगटन ने उन पर ड्रग कार्टेल चलाने और अवैध हथियार रखने के आरोप लगाएं, जबकि दोनों ने खुद को निर्दोष बताया है (आर्काइव्ड लिंक यहां और यहां).
वीडियो को फ़ेसबुक, इंस्टाग्राम और थ्रेड्स पर भी शेयर किया गया था, लेकिन इसे वेनेज़ुएला में नहीं फ़िल्माया गया था -- जैसा कि पोस्ट में दावा किया गया है.
गलत दावे से शेयर किए गए वीडियो के की-फ़्रेम्स को गूगल पर रिवर्स इमेज सर्च करने पर वही फ़ुटेज ऑस्ट्रेलियाई समाचार वेबसाइट news.com.au के एक रिपोर्ट में 13 सितंबर, 2023 को प्रकाशित की हुई मिली. इसमें फ़िलेडैल्फ़िया के केंसिंग्टन इलाके में लोगों द्वारा बेहोशी की दवा जाइलाज़ीन के इस्तेमाल के बारे में बताया गया था (आर्काइव्ड लिंक).
इस ट्रैंक्विलाइज़र को "ज़ॉम्बी ड्रग" भी कहा जाता है, जिसे यूएस फ़ूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन द्वारा पशु चिकित्सा में उपयोग के लिए मंज़ूरी दी गई है. लेकिन यह अवैध दवा बाज़ार में भी फैल चुकी है, जहां निर्माता इसका इस्तेमाल फ़ेंटानिल की मात्रा बढ़ाने के लिए कर रहे हैं (आर्काइव्ड लिंक).
रिपोर्ट में वीडियो का क्रेडिट "thebizzleeffect" नाम के एक टिकटॉक अकाउंट को दिया गया, जिसने ये वीडियो 4 सितंबर, 2023 को पोस्ट किया था (आर्काइव्ड लिंक).
एएफ़पी ने टिकटॉक यूज़र और फ़िलेडैल्फ़िया पुलिस विभाग से संपर्क किया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला (आर्काइव्ड लिंक).
ब्रिटिश टैब्लॉइड डेली मेल ने भी इसी तरह के विवरण के साथ फ़ुटेज पब्लिश की है (आर्काइव्ड लिंक).
गूगल मैप्स स्ट्रीट व्यू इमेजरी की मदद से वीडियो फ़िलेडैल्फ़िया में फ़िल्माये जाने की पुष्टि होती है, जहां वही दुकानें और स्टोर दिखाई दे रहे हैं (आर्काइव्ड लिंक यहां और यहां).
एएफ़पी मदुरो की गिरफ़्तारी से जुड़े अन्य गलत दावों को भी फ़ैक्ट चेक कर चुका है.
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