डच सैन्य एस्कॉर्ट का पुराना वीडियो मिडिल ईस्ट संकट से जोड़कर गलत दावे से शेयर किया गया
- प्रकाशित 23 मार्च 2026, 08h02
- 2 मिनट
- द्वारा एफप मध्य पूर्व और उत्तरी अफ्रीका
- अनुवाद और अनुकूलन Devesh MISHRA, एफप भारत
पश्चिम एशिया में चल रही जंग का असर दुनियाभर की उड़ानों पर पड़ा है. ईरान ने कई खाड़ी देशों पर मिसाइल हमले किए हैं, जहां अमेरिका के सैन्य ठिकाने हैं. लेकिन अमेरिकी सैन्य विमान द्वारा भारत जाने वाली यात्री उड़ान को एस्कॉर्ट करने के दावे से सोशल मीडिया पर शेयर किया जा रहा वीडियो असल में पुराना है. यह फ़्लाइट विंटर ओलंपिक से डच खिलाड़ियों को उनके देश वापस ला रही थी. इस दौरान नीदरलैंड की एयर फ़ोर्स ने स्वागत के लिए लड़ाकू विमान भेजा था.
फ़ेसबुक पर 6 मार्च को शेयर की गई पोस्ट का कैप्शन है, "भारत की सीमा में आने तक भारतीयों की सुरक्षा के लिए आया अमरीकी फाइटर प्लेन". पोस्ट में "Israel Iran Conflict" और "Iran News" जैसे हैशटैग भी शामिल हैं.
वीडियो में KLM एयरलाइन का लोगो दिखता है और उसके साथ एक फ़ाइटर जेट उड़ता नज़र आता है, जो बाद में अलग हो जाता है.
कुछ पोस्ट्स के कैप्शन में यह भी कहा गया कि यह एस्कॉर्ट भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की "ताकत" की वजह से हुआ है.
ईरान पर 28 फ़रवरी को अमेरिका और इज़रायल के हमलों से शुरू हुई यह जंग, ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली ख़ामेनेई के मारे जाने के बाद तेज़ी से पूरे खाड़ी क्षेत्र में फैल गई. जिसके बाद तेहरान ने इज़रायल और US मिलिट्री एसेट्स वाले पड़ोसी देशों पर ड्रोन और मिसाइल हमलों की झड़ी लगा दी (आर्काइव्ड लिंक).
इस लड़ाई ने इलाके में हवाई यात्रा को भी बुरी तरह प्रभावित किया और शुरुआती दिनों में ही एयरलाइंस ने हज़ारों फ़्लाइट्स कैंसिल कर दीं (आर्काइव्ड लिंक).
कुछ कंपनियों ने तब से थोड़ा-बहुत ऑपरेशन फिर से शुरू कर दिया है, जबकि सरकारों ने अपने नागरिकों को घर पहुंचाने के लिए चार्टर्ड फ़्लाइट्स का भी इंतज़ाम किया है (आर्काइव्ड लिंक यहां और यहां).
हालांकि वीडियो को इसी दावे से फ़ेसबुक और इंस्टाग्राम पर भी शेयर किया गया है, लेकिन असल में इसका मिडिल ईस्ट में चल रहे युद्ध से कोई लेना-देना नहीं है.
वीडियो के कीफ़्रेम को रिवर्स इमेज सर्च करने पर पता चलता है कि इस फ़ुटेज को ईरान युद्ध शुरू होने से कुछ दिन पहले 23 फ़रवरी को डच ओलंपिक टीम के साथ काम करने वाले फ़िज़ियोथेरेपिस्ट एरिक विंक ने शेयर किया था (आर्काइव्ड लिंक यहां और यहां).
पोस्ट के कैप्शन में लिखा है कि यह जेट डच ओलंपिक टीम के लिए "होम कमिंग एस्कॉर्ट" था.
उसी दिन टीम के इंस्टाग्राम पेज पर भी ऐसी ही एक क्लिप पोस्ट की गई थी, जिसमें फ़ाइटर जेट पायलट को मिलान-कॉर्टिना से लौट रही ओलंपिक टीम के स्वागत में एक बैनर पकड़े देखा जा सकता है (आर्काइव्ड लिंक).
डच एयर फ़ोर्स और खिलाड़ियों को ले जाने वाली एयरलाइन KLM ने भी एस्कॉर्ट से जुड़ी पोस्ट शेयर करते हुए कहा कि यह लौट रहे डच एथलीटों के स्वागत के लिए था (आर्काइव्ड लिंक यहां और यहां).
एएफ़पी ने ईरान में संघर्ष से जुड़ी मिसइन्फॉर्मेशन को लगातार कवर किया है. आप एएफ़पी के फ़ैक्ट-चेक यहां पढ़ सकते हैं.
कॉपीराइट © एएफ़पी 2017-2026. इस कंटेंट के किसी भी तरह के व्यावसायिक इस्तेमाल के लिए सब्सक्रिप्शन की ज़रूरत पड़ेगी. अधिक जानकारी के लिए यहां क्लिक करें.