कोलकाता में पांच सौ नावों पर योगा के दावे से वायरल वीडियो दरअसल एआई जेनरेटेड है
- प्रकाशित 30 जून 2026, 14h13
- 4 मिनट
- द्वारा Akshita KUMARI, एफप भारत
पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर हुगली नदी में 500 नावों पर एक साथ योग प्रदर्शन कर नया वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की योजना की घोषणा की गई थी. इसके बाद ही सोशल मीडिया पर एक एआई जेनरेटेड वीडियो शेयर कर दावा किया गया कि यह उसी कार्यक्रम का वीडियो है. हालांकि, क्लिप नदी पर हुए कार्यक्रम की तस्वीरों से मेल नहीं खाती और इसमें सिंथेटिक कंटेंट वाली दृश्य विसंगतियां हैं. वीडियो के क्रिएटर ने AFP को बताया कि क्लिप ChatGPT, Gemini और Kling 3.0 का इस्तेमाल करके बनाया गया था.
फ़ेसबुक पर 20 जून, 2026 को एक पोस्ट शेयर की गई, जिसका कैप्शन है, "kolkata इतिहास रचने के लिए तैयार है. 500 नावें, एक नदी और हज़ारों लोग — कोलकाता पहली बार गिनीज़ वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने जा रहा है."
पोस्ट में शेयर की गई 14 सेकंड के वीडियो की शुरुआत कोलकाता के हावड़ा ब्रिज के नीचे सफ़ेद कपड़ों में लोगों से भरी सैकड़ों छोटी नावों के एरियल व्यू से होती है, जो एक शानदार ड्रोन शो के साथ खत्म होती है.
वीडियो के ऊपर अंग्रेज़ी टेक्स्ट है, "कोलकाता गिनीज़ वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने जा रहा है. गंगा पर 500 नावों पर योग."
यह वीडियो फ़ेसबुक, इंस्टाग्राम, थ्रेड्स और X पर भी इसी तरह के दावों के साथ शेयर किया गया.
एक पोस्ट पर कमेंट में लिखा है, "वाह, एक ऐसा एकजुट प्रयास जिसने पूरे पश्चिम बंगाल राज्य की किस्मत बदल दी. देश के इस हिस्से में योग को इतने ज़ोर-शोर से मनाते हुए मैंने कभी नहीं देखा। यह राज्य और भारत, दोनों के लिए अच्छे संकेत हैं."
एक और कमेंट है: "शानदार! क्या नज़ारा है. बहुत ही सुंदर तस्वीर."
जून 21 को 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर कोलकाता में बड़े पैमाने पर उत्सव मनाने की तैयारियों, जिसमें हुगली नदी पर विश्व रिकॉर्ड बनाने का प्रयास भी शामिल था, के बीच ही ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ (आर्काइव्ड लिंक).
टाइम्स ऑफ़ इंडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, गिनीज़ वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की एक शानदार कोशिश के तहत, 500 नावों पर लोग एक साथ योग आसन करते हुए पानी पर उतरेंगे. साथ ही, हावड़ा ब्रिज और हुगली ब्रिज के ऊपर रात के आसमान में एक "मेगा ड्रोन लाइट शो" भी आयोजित किया जाएगा.
लेकिन सोशल मीडिया पर शेयर किया गया वीडियो कार्यक्रम की असल तस्वीरों या वीडियो से मेल नहीं खाता है. वास्तव में इसे AI की मदद से बनाया गया था.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोलकाता के रेड रोड से 'हेल्दी एजिंग के लिए योग' थीम के तहत हज़ारों लोगों के साथ अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के राष्ट्रीय कार्यक्रम का नेतृत्व किया (आर्काइव्ड लिंक).
इस कार्यक्रम की तस्वीरें NurPhoto एजेंसी ने शेयर की, जिनमें हुगली नदी पर नावों पर सवार लोग एक साथ योग करते हुए दिखाई दे रहे हैं (आर्काइव्ड लिंक यहां और यहां).
गलत दावे से शेयर किया गया वीडियो इन तस्वीरों से अलग है और इसमें ऐसी विसंगतियां हैं जो संकेत देती हैं कि यह आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस की मदद से बनाया गया है.
फ़र्ज़ी दावे से शेयर किये गए वीडियो में सभी नाव एकदम सीधी पंक्तियों में व्यवस्थित हैं, उनके बीच की दूरी एक समान है और सभी प्रतिभागी एक ही मुद्रा में हैं. वीडियो के अंत में ड्रोन शो देख रही भीड़ भी असामान्य रूप से स्थिर है, और नदी में पड़ने वाले प्रतिबिंब ड्रोन से निकलने वाली रोशनी से मेल नहीं खाते हैं.
Hive Moderation डिटेक्शन टूल का उपयोग करके किए गए विश्लेषण के अनुसार, वीडियो में "एआई-जेनरेटेड या डीपफ़ेक सामग्री होने की संभावना है" (आर्काइव्ड लिंक).
गलत दावे से शेयर किए गए वीडियो के कीफ़्रेम्स को गूगल पर रिवर्स इमेज सर्च करने से वही क्लिप 20 जून को इंस्टाग्राम पर शेयर की हुई मिली (आर्काइव्ड लिंक).
यह वीडियो "Kolkatar Golpo" नाम के पेज पर शेयर किया गया था और इसके कैप्शन में लिखा है, "पहली बार, कोलकाता एक गिनीज़ वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की कोशिश करने जा रहा है, जिसमें लोग मशहूर हावड़ा ब्रिज के नीचे पवित्र गंगा नदी में तैरती 500 नावों पर एक साथ योग करेंगे."
इसमें यह भी लिखा है, "एआई द्वारा बनाई गयी."
AFP ने इंस्टाग्राम पेज के फ़ाउंडर शौविक घोष से संपर्क किया, जिन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो उन्होंने ही बनाया था.
उन्होंने कहा कि यह वीडियो ChatGPT, Gemini और Kling 3.0 का इस्तेमाल करके बनाया गया था.
"इस इवेंट की आधिकारिक घोषणा की गई थी, और मैंने एक AI विज़ुअलाइज़ेशन बनाया कि अगर 500 लोग नावों पर योग करते तो यह कैसा दिखता. यह एक क्रिएटिव प्रस्तुति है," घोष ने 22 जून को कहा.
AFP ने पहले भी AI-जेनरेटेड कंटेंट पर आधारित कई भ्रामक दावों को फ़ैक्ट चेक किया है.
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